ब्राह्मण और महिलाओं को साधने की रणनीति
सपा की ओर से डिम्पल यादव को किया जा रहा है आगे
युवा तुर्क, लखनऊ
उत्तर प्रदेश में 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को दो महिलाएं टक्कर देंगी। सपा से डिंपल यादव और कांग्रेस से अराधना मिश्रा मोना की चुनाव मैदान में महत्वपूर्ण भूमिका होगी। कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश की कमान दिग्गज नेता प्रमोद तिवारी की बेटी आराधना मिश्रा मोना को सौंपी है। उन्हीं के नेतृत्व में कांग्रेस उत्तर प्रदेश में चुनाव लड़ेगी। अर्थात कांग्रेस का प्रदेश प्रभारी दलित और प्रदेश अध्यक्ष ब्राह्मण चेहरा होगा।
मोना मिश्रा तीन बार मोना तीसरी बार रामपुर खास से विधायक हैं।
अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव से चंद महीने पहले कांग्रेस ने उत्तर प्रदेश में अपने संगठन में बड़ा बदलाव किया है। पार्टी ने अजय राय को प्रदेशाध्यक्ष पद से हटाकर अब आराधना मिश्र उर्फ मोना को यूपी कांग्रेस का अध्यक्ष पद सौंपा है। इस बड़े बदलाव को कांग्रेस की विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच एक अहम कदम माना जा रहा है।
आराधना मिश्रा ‘मोना’ की पारिवारिक पृष्ठभूमि राजनीतिक और सामाजिक रूप से काफी प्रतिष्ठित रही है।
मोना के पिता प्रमोद तिवारी कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद हैं, जो कि मौजूदा समय में राज्यसभा में उपनेता प्रतिपक्ष हैं। वे उत्तर प्रदेश की रामपुर खास विधानसभा सीट से लगातार 9 बार विधायक रहे हैं और एक ही पार्टी व निशान से लगातार जीतने का उनका रिकॉर्ड गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में भी दर्ज है।
खुद आराधना भी शुरुआती समय से ही सामाजिक कार्यों और इसके बाद राजनीति में सक्रिय रहीं। वे इलाहबाद यूनिवर्सिटी से स्नातक तक की पढ़ाई कर चुकी हैं और इसके साथ ही लंबे समय तक एनजीओ से जुड़े कार्य भी संभाल चुकी हैं।
कांग्रेस की तरफ से मोना मिश्रा तो सपा की तरफ से डिम्पल यादव को आगे किया जा रहा है। माना जा रहा है कि इन दोनों महिला नेताओं पर सीएम योगी ज्यादा आक्रामक नहीं हो सकते हैं। इन दोनों महिला नेताओं के मैदान में उतरने पर चुनाव दिलचस्प होगा।
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