कर्मचारी यूनियन के पदाधिकारियों ने दिया ज्ञापन
युवा तुर्क, आगरा
देश भर के मजदूरों को स्वास्थ्य सुरक्षा और सामाजिक कल्याण के लिए 24 फरवरी 1952 में लागू किये गए राज्य कर्मचारी बीमा निगम और 01 नवम्बर 1952 में कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के गठन का मूल उद्देश्य मजदूरों और उनके परिवारों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना था। लेकिन नगर निगम में विगत 20 वर्षों से निरन्तर सेवा दे रहे संविदा सफाई कर्मचारी इन दोनों योजनाओं के लाभ से वंचित हैं। परिणामस्वरूप अनेकों संविदा सफाई कर्मचारियों की मृत्यु पर उनके आश्रित परिवार को किसी प्रकार का लाभ नहीं मिला है। इससे कर्मचारी भविष्य निधि संगठन और राज्य कर्मचारी बीमा निगम की मूल भावना ही नष्ट हो रही है।
नगर निगम के संविदा सफाई कर्मचारियों को कर्मचारी भविष्य निधि संगठन और राज्य कर्मचारी बीमा निगम का लाभ दिलवाये जाने के लिये गत दिनों नगर आयुक्त सन्तोष कुमार वैश्य को परिस्थितियों से अवगत कराया गया।
नगर आयुक्त ने इस पर सैद्धांतिक सहमति व्यक्त करते हुए कहा कि संविदा सफाई कर्मचारियों के वेतन से विचार विमर्श करके कर्मचारी भविष्य निधि संगठन और राज्य कर्मचारी बीमा निगम की नियमानुसार कटौती करायी जायेगी।
वार्ता में मुख्य वित्त व लेखाधिकारी बृजेश सिंह, सहायक नगर आयुक्त अशोक प्रिय गौतम, विनोद इलाहाबादी, सुन्दर बाबू चंचल, हरीबाबू वाल्मीकि मौजूद रहे।

