वायुसेना के 94वें स्थापना दिवस पर नगवा में जुटे पूर्व सैनिक, अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न देकर किया सम्मानित; लोकगीतों ने जगाया राष्ट्रप्रेम
युवा तुर्क, बलिया
वर्दी भले ही उतर गई हो, लेकिन देशसेवा का जज्बा आज भी बरकरार है। भारतीय वायुसेना में सेवाएं दे चुके पूर्व सैनिकों के इसी समर्पण और योगदान को सलाम करने के लिए शुक्रवार को नगवा गांव में सम्मान समारोह आयोजित किया गया। भारतीय वायुसेना के 94वें स्थापना दिवस पर पूर्व सैनिक कल्याण समिति दुबहड़ की ओर से पूर्व वायुसेना अधिकारी अरुणेश पाठक के आवास पर आयोजित कार्यक्रम में दर्जनों पूर्व सैनिकों को अंगवस्त्र और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।

समारोह में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे पूर्व सैनिकों ने अपने साथियों के साथ अनुभव साझा किए। आयोजन का उद्देश्य सेना में सेवाएं दे चुके जवानों के योगदान को याद करने के साथ समाज में उनके प्रति सम्मान और नई पीढ़ी में राष्ट्रसेवा की भावना को मजबूत करना रहा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे श्रीकांत तिवारी ने कहा कि सैनिकों का जीवन त्याग, अनुशासन, साहस और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल है। देश की सुरक्षा में वर्तमान सैनिकों के साथ पूर्व सैनिकों का योगदान भी महत्वपूर्ण है। सेवाकाल पूरा होने के बाद भी उनका अनुभव और राष्ट्र के प्रति समर्पण समाज को दिशा देता है। ऐसे आयोजनों से युवाओं को देश के प्रति अपने कर्तव्यों को समझने की प्रेरणा मिलती है।
आयोजकों ने कहा कि पूर्व सैनिकों का सम्मान महज औपचारिकता नहीं, बल्कि देश की सुरक्षा के लिए उनके समर्पण के प्रति कृतज्ञता व्यक्त करने का माध्यम है।
वायुसेना के जवान विषम परिस्थितियों में भी तकनीकी दक्षता, अनुशासन और साहस के साथ देश की रक्षा में जुटे रहते हैं। उनके योगदान को याद करना समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।

समारोह में लोकगीत गायक विजय बहार ने देशभक्ति गीतों की प्रस्तुति देकर माहौल को राष्ट्रप्रेम के रंग में रंग दिया। गीतों के माध्यम से सैनिकों के साहस और देश के प्रति समर्पण का संदेश गूंजा। सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया।

इस अवसर पर लखनपाल यादव, दद्दन यादव, परशुराम यादव, हरेंद्र पांडेय, ओमप्रकाश तिवारी, पूर्व प्रधान अनिल सिंह, विजय कुमार पांडेय, गोपाल सिंह, हीरालाल यादव, नरोत्तम पाठक, राम सिंहासन पाठक और रमन पाठक सहित अनेक गणमान्य लोग एवं पूर्व सैनिक मौजूद रहे।
पढ़ते रहिए युवा तुुर्क: तिरंगा फिल्म का शिवाजी राव वांगले नहीं रहा, गोवा में हार्ट अटैक से निधन


