युवा तुर्क, आगरा
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा सरकार के बनाये गये उत्तर प्रदेश आऊटसोर्सिंग कर्मचारी सेवा निगम के पोर्टल और लोगो को जारी किये हुए आज 20 दिन से ऊपर हो गये। लेकिन अभी तक शासन ने इस सन्दर्भ में कोई भी स्पष्ट शासनादेश जारी नहीं किया है। आऊटसोर्सिंग कर्मचारियों को नहीं मालूम कि उन्हें बढे़ हुये वेतन का लाभ किस दिनांक से मिलेगा।
आऊटसोर्सिंग कार्मिकों के वेतन बढा़ये जाने का शासनादेश जारी किये जाने की माँग करते हुए उत्तर प्रदेश स्थानीय कर्मचारी महासंघ के वरिष्ठ प्रदेश उपाध्यक्ष विनोद इलाहाबादी ने कहा है कि कुछ विभागों में 21 अगस्त से 20 सितम्बर तक का वेतन बनाया जायेगा। ऐसे में असमंजस की स्थिति है कि वेतन किस दर से बनाया जायेगा।
विनोद इलाहाबादी ने यह भी कहा कि शासनादेश में सारी परिस्थितियों को स्पष्ट किया जाना चाहिए कि आऊटसोर्सिंग कार्मिकों का ईपीएफओ और ईएसआईसी का अंशदान कितने प्रतिशत कटेगा। अभी तक ईपीएफओ के नियमों के अन्तर्गत 15 हजार रुपये वेतन पाने वाले ही ईपीएफओ के लाभ से आच्छादित हैं।
विनोद इलाहाबादी का कहना है कि भारत सरकार ने 20 दिन पहले ही ईपीएफओ की सीमा को बढ़ाकर 25 हजार रुपये किया है। जिसके अंतर्गत 25 हजार रुपये वेतन पाने वाले कार्मिकों को भी ईपीएफओ की योजना का लाभ मिलेगा। जिसका अभी शासनादेश जारी नहीं हुआ है।


