आल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के नेतृत्व में उठी आवाज
युवा तुर्क, बेल्थरा रोड
स्थानीय तहसील क्षेत्र में गुरुवार को जनमुद्दों को लेकर किसान और मजदूर संगठनों ने एकजुटता का प्रदर्शन किया। आल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन (AIKKMS) के नेतृत्व में निकले जुलूस ने सिर्फ श्रम कानूनों ही नहीं, बल्कि शिक्षा, राशन, बिजली और रोजगार जैसे व्यापक सवालों को केंद्र में रखा। प्रदर्शन के बाद प्रतिनिधिमंडल ने उपजिलाधिकारी को सम्बोधित ज्ञापन तहसीलदार अजीत सिंह को सौंपकर नीतिगत बदलाव की मांग की।
जुलूस के दौरान वक्ताओं ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में आम आदमी महंगाई, बेरोजगारी और बढ़ते बिलों के दबाव में है। स्मार्ट मीटर व्यवस्था को उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ बताते हुए इसे वापस लेने की मांग की गई। साथ ही राशनकार्ड धारकों को पूरा व नियमित राशन उपलब्ध कराने पर जोर दिया गया।
संगठन ने उच्च शिक्षण संस्थानों में यूजीसी के दिशा-निर्देश लागू कर शोषित व वंचित वर्ग के छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग उठाई।
श्रम संहिताओं को मजदूर हितों के विपरीत बताते हुए उन्हें वापस लेने तथा न्यूनतम वेतन 26 हजार रुपये प्रतिमाह घोषित करने की बात कही गई। मनरेगा में 200 दिन काम और 800 रुपये दैनिक मजदूरी की गारंटी, सभी फसलों की एमएसपी पर खरीद, पुरानी पेंशन बहाली और सरकारी विभागों में खाली पदों पर स्थायी भर्ती जैसे मुद्दे भी प्रमुख रहे।
वक्ताओं ने कहा कि यह आंदोलन किसी एक वर्ग का नहीं, बल्कि आम जनता के अधिकारों की आवाज है। तहसीलदार ने ज्ञापन प्राप्त कर मांगों को शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। कार्यक्रम में विभिन्न किसान-मजदूर संगठनों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे।


